खाकी की मुस्तैदी से 1.10 करोड़ का गांजा-गाड़ी नेटवर्क ध्वस्त: मुर्धवा के जंगलों में घेराबंदी कर दबोचे गए 2 अंतरराज्यीय तस्कर।
सोनभद्र: जनपद में नशे के सौदागरों और अवैध मादक पदार्थों की तस्करी करने वालों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान “ऑपरेशन शुद्धि” को बड़ी सफलता हाथ लगी है। थाना पिपरी पुलिस ने अंतरराज्यीय गांजा तस्करी के एक हाई-प्रोफाइल रैकेट का पर्दाफाश करते हुए दो शातिर तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने तस्करों के पास से 2 क्विंटल 850 ग्राम (195 पैकेट) अवैध गांजा बरामद किया है, जिसकी अनुमानित अंतरराष्ट्रीय कीमत लगभग 1 करोड़ 50 हजार रुपये आंकी गई है। इसके अलावा तस्करी में इस्तेमाल की जा रही महिंद्रा XUV गाड़ी, फर्जी नंबर प्लेट्स और दो मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं। पूरी बरामदगी का कुल मूल्य लगभग 1 करोड़ 10 लाख रुपये है।
चेकिंग देखकर बैक गियर में भागने की कोशिश नाकाम, पुलिस ने घेराबंदी कर दबोचा…
मामला 30 सितंबर की देर रात (करीब 10:45 बजे) का है। पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक (नगर) मेविस टॉक और क्षेत्राधिकारी पिपरी हर्ष पाण्डेय के पर्यवेक्षण में पिपरी पुलिस टीम मुर्धवा-रनटोला मार्ग पर संदिग्ध वाहनों की सघन चेकिंग कर रही थी।
तभी मुर्धवा से लगभग 2 किलोमीटर आगे एक महिंद्रा XUV कार आती दिखी। पुलिस चेकिंग पॉइंट देखकर कार सवार घबरा गए और गाड़ी को पीछे मोड़कर भागने का प्रयास करने लगे। पिपरी थानाध्यक्ष राजेश जी चौबे और उनकी टीम ने सूझबूझ का परिचय देते हुए तत्काल घेराबंदी की और मोड़ के पास कार को रोक लिया।
सीट के नीचे और डिग्गी में ठूंस-ठूंसकर भरे थे 195 पैकेट…
जब पुलिस टीम ने नियमानुसार XUV की तलाशी ली, तो वाहन के अंदर का नजारा देखकर चौंक गई। कार की पिछली सीट के नीचे और डिग्गी में छिपाकर रखे गए 195 प्लास्टिक टेप से पैक पैकेट मिले। तौल कराने पर कुल गांजा 2 क्विंटल 850 ग्राम निकला।
पुलिस की नजरों में धूल झोंकने के लिए तस्करों ने गाड़ी पर फर्जी नंबर प्लेट लगा रखी थी। मौके से अलग-अलग नंबरों की दो अतिरिक्त नंबर प्लेटें भी बरामद हुई हैं।
ओडिशा से महोबा का कनेक्शन, ₹20,000 प्रति ट्रिप में सौदा…
कड़ाई से की गई पूछताछ में पकड़े गए तस्करों ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए।
मास्टरमाइंड की तलाश: तस्करों ने बताया कि उन्हें यह गांजा ओडिशा से लाकर महोबा में डिलीवर करना था।
20-20 हजार में सौदा: इस एक चक्कर (कैरियर) के लिए उन्हें 20-20 हजार रुपये मिलने तय हुए थे।
पहले भी कर चुके हैं सप्लाई: अभियुक्तों ने स्वीकार किया कि वे इससे पहले भी 1-2 बार इस रूट से गांजे की खेप सुरक्षित पहुंचा चुके हैं।
पुलिस से बचने के लिए जंगल में छिपाई थी गाड़ी: 29 सितंबर को ओडिशा से निकलने के बाद रास्ते में जगह-जगह चेकिंग देखकर उन्होंने गाड़ी को कुछ समय के लिए घने जंगलों में छिपा दिया था और मौका मिलते ही आगे बढ़ रहे थे।
गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान…
उमेश अहिरवार (उम्र 23 वर्ष), पुत्र राम मनोहर अहिरवार, निवासी- गांधीनगर, थाना कोतवाली महोबा, जनपद महोबा।
महिपाल पाल (उम्र 23 वर्ष), पुत्र इन्द्रपाल पाल, निवासी- कबरई, थाना कबरई, जनपद महोबा।
कड़ी धाराओं में केस दर्ज, नेटवर्क खंगाल रही पुलिस…
पिपरी पुलिस ने दोनों अभियुक्तों के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट की धारा 8/20/27A/29/60 और बीएनएस (BNS) की धारा 318(4), 336(2), 336(3), 340(2) के तहत मुकदमा (मु0अ0सं0 186/2026) दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया है। पुलिस अब ओडिशा से लेकर महोबा तक फैले इस पूरे सिंडिकेट के मुख्य आकाओं की तलाश में जुट गई है।
सफलता पाने वाली पुलिस टीम…
थानाध्यक्ष राजेश जी चौबे, उप-निरीक्षक जितेन्द्र सरोज, मुख्य आरक्षी अमित सिंह, मोहन खरवार, रामाश्रय यादव, शिवबदन राम एवं शंकर लाल (थाना पिपरी, सोनभद्र)।








