ऑल इंडिया यूनाइटेड विश्वकर्मा शिल्पकार महासभा ने सुभाष बाबू को जयंती पर किया नमन
वाराणसी: ऑल इंडिया यूनाइटेड विश्वकर्मा शिल्पकार महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक कुमार विश्वकर्मा ने महान स्वतंत्रता सेनानी और क्रांतिकारी नेता सुभाष चंद्र बोस की जयंती पराक्रम दिवस पर पर उन्हें नमन करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने नेताजी के अडिग,साहस अटल संकल्प और राष्ट्र के प्रति उनके अद्वितीय योगदान को याद करते हुए कहा कि उनका निडर नेतृत्व और देशभक्ति भारत की अखंडता और अक्षुण्णता को बनाए रखने के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के क्रांतिकारी नेता और आजाद हिंद फौज के संस्थापक थे। उन्होंने आजादी के लिए ‘देशवासियों से कहा कि तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा’ नेताजी के इस नारे ने देशवासियों में राष्ट्रप्रेम जगाया। नेताजी ने1939 में ‘फॉरवर्ड ब्लॉक’ की स्थापना की और द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान अंग्रेजों के खिलाफ सशस्त्र संघर्ष किया। आजाद भारत में नेताजी की जयंती ‘पराक्रम दिवस’ के रूप में मनायी जाती है। जर्मनी में भारतीय सैनिकों और अधिकारियों ने उन्हें 1942 मेंपहली बार ‘नेताजी’ कहकर पुकारा था। उसके बाद सुभाष चंद्र बोस नेताजी के संबोधन से विख्यात हो गए। नेताजी स्वामी विवेकानंद और रवींद्रनाथ टैगोर के विचारों से बहुत प्रभावित थे और देश की आजादी के लिए सशक्त संघर्ष में विश्वास करते थे। नेताजी का देश के लिए किया गया गौरवपूर्ण योगदान आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरित करते रहेंगे।












