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छठ महापर्व ने अर्थव्यवस्था को किया मालामाल, देश भर में इतने हजार करोड़ से ज्यादा का कारोबार

Chhath Mahaparv Economy: भारत की सांस्कृतिक धरोहर के प्रतीक छठ महापर्व (Chhath Mahaparv) ने इस वर्ष न केवल आस्था का संगम रचा, बल्कि राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था में 50,000 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार उत्पन्न करने वाला एक विशाल आर्थिक महोत्सव भी साबित हुआ। कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के आकलन के अनुसार, 10 करोड़ से अधिक लोगों ने व्रत रखा, जिससे देश भर के बाजारों में अभूतपूर्व उछाल आया।

इस कारोबार में प्रमुख योगदान देने वाले राज्य हैं…
– बिहार: 15,000 करोड़ रुपये का व्यापार
– दिल्ली: लगभग 8,000 करोड़ रुपये का व्यापार।
झारखंड: 5,000 करोड़ रुपये का व्यापार।

छठ महापर्व का आर्थिक प्रभाव अब केवल पारंपरिक क्षेत्रों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह महानगरों और अन्य राज्यों तक भी फैल गया है। दिल्ली और एनसीआर क्षेत्र में बड़ी पूर्वांचली आबादी के कारण बड़ा व्यापार हुआ, जहां दिल्ली सरकार ने लगभग 1,500 घाट तैयार किए थे।

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