वाराणसी: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को वाराणसी (काशी) के बाढ़ प्रभावित इलाकों का तूफानी दौरा किया। सीएम योगी ने सबसे पहले प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण (Aerial Survey) कर स्थिति का जायजा लिया और उसके बाद सलारपुर स्थित विद्याविहार इंटर कॉलेज में बने राहत शिविर में पहुंचकर बाढ़ पीड़ितों से सीधा संवाद किया। इस दौरान उन्होंने बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों से बातचीत कर शिविर की व्यवस्थाओं की जानकारी ली और खुद प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री सौंपी।
वरुणा के बैकफ्लो की समस्या पर प्रशासन अलर्ट…
बाढ़ पीड़ितों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने ‘हर-हर महादेव’ के उद्घोष के साथ कहा कि वरुणा नदी में बैकफ्लो की वजह से निचले इलाकों में जलजमाव की स्थिति बनी है। वर्तमान में शहर के 16 वार्डों के लगभग 567 परिवार इससे प्रभावित हैं। राहत कार्यों के लिए 48 नौकाओं को सेवा में लगाया गया है।
सीएम ने पिछली सरकारों की तुलना करते हुए कहा कि पहले मानसून के दौरान प्रदेश के 40 से 45 जिले बुरी तरह प्रभावित होते थे और बीमारियां फैलती थीं, लेकिन बीते साढ़े नौ वर्षों में किए गए ठोस प्रबंधन का नतीजा है कि अब यह प्रभाव घटकर केवल 14 जिलों तक सीमित रह गया है।
24 घंटे के अंदर 4 लाख का मुआवजा और बेघरों को आवास…
बाढ़ पीड़ितों को आर्थिक सुरक्षा का भरोसा दिलाते हुए मुख्यमंत्री ने बड़ी घोषणाएं कीं:
आर्थिक सहायता: मकान ढहने, आकाशीय बिजली गिरने या सर्पदंश (Snakebite) जैसी घटनाओं को आपदा प्रबंधन में शामिल कर पीड़ित परिवारों को 24 घंटे के भीतर 4 लाख रुपये की सहायता राशि दी जा रही है।
किसानों को राहत: जलभराव से जिन 1,131 किसानों की फसलें बर्बाद हुई हैं, उनका सर्वे कर मुआवजा देने के सख्त निर्देश जारी किए गए हैं।
पक्के मकान की व्यवस्था: बाढ़ से बेघर हुए परिवारों को प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत पक्का मकान उपलब्ध कराया जाएगा।
बीमारी से बचाव: बाढ़ का पानी उतरते ही क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर कीटनाशक छिड़काव और एंटी-लार्वा स्प्रे कराने के निर्देश दिए गए हैं ताकि संक्रामक बीमारियां न फैलें।
राहत सामग्री में 26 जरूरी सामान और बच्चों को फल-दूध…
शिविर में रह रहे लोगों को मिलने वाली सुविधाओं का जिक्र करते हुए सीएम ने बताया कि बाढ़ पीड़ितों को अनाज, बाल्टी, मग, बिस्किट, नमक, तौलिया, तेल और बच्चों के लिए दूध व फल सहित कुल 26 आवश्यक वस्तुओं की किट बांटी जा रही है। इसके साथ ही प्रभावित लोगों की सेहत का ध्यान रखने के लिए आयुष्मान कार्ड और त्वरित चिकित्सा सेवाएं भी मुहैया कराई जा रही हैं।
काशी ने धारण किया नया कलेवर…
वाराणसी के विकास का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आज काशी विश्वनाथ धाम, नए घाट, आधुनिक रेलवे और बस स्टेशन, एयरपोर्ट का विस्तार, सड़कों का चौड़ीकरण और रिंग रोड जैसी परियोजनाओं ने काशी को एक नया और भव्य स्वरूप दिया है। यह सब जनता द्वारा केंद्र में एक योग्य और मजबूत नेतृत्व चुनने का परिणाम है।
इन वरिष्ठ नेताओं और अधिकारियों की रही उपस्थिति
इस मौके पर प्रदेश के श्रम एवं सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि राज्य सरकार हर प्राकृतिक आपदा में जनता के द्वार पर खड़ी रहती है।
कार्यक्रम में जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, स्टाम्प राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रवींद्र जायसवाल, आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’, एमएसएमई राज्य मंत्री हंसराज विश्वकर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्य, महापौर अशोक तिवारी, पूर्व मंत्री व विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी, विधायक सौरभ श्रीवास्तव, विधायक डॉ. अवधेश सिंह, विधायक त्रिभुवन राम, जिलाध्यक्ष रामशकल पटेल, मंडलायुक्त एस. राजलिंगम, पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल, जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।








