वाराणसी: कथावाचक धीरेंद्र शास्त्री काशी पहुंचे और उन्होंने बाबा विश्वनाथ के दरबार में हाजिरी लगाई। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि देश में जातिवाद सबसे बड़ा जहर है, जो फैलाया जा रहा है। उन्होंने हिंदू राष्ट्र की परिकल्पना पर जोर दिया और कहा कि मंदिरों का जीर्णोद्धार, सामाजिक समरसता और हिंदू-मुसलमान के बीच शांति ही असली परिकल्पना है।
धीरेंद्र शास्त्री ने काशी विश्वनाथ मंदिर में जलाभिषेक कर हिंदू राष्ट्र की प्रार्थना की। उन्होंने 7 नवंबर से 16 नवंबर तक पदयात्रा करने की घोषणा की, जिसका उद्देश्य हिंदू एकता को मजबूत करना है। उन्होंने कहा कि हिंदुत्व मानवता की विचारधारा है और भारत को घोषित रूप से हिंदू राष्ट्र बनाना बेहद आवश्यक है।













